लोक प्रशासन - A UGC-CARE Listed Journal
Association with Indian Institute of Public Administration
Current Volume: 17 (2025 )
ISSN: 2249-2577
Periodicity: Quarterly
Month(s) of Publication: मार्च, जून, सितंबर और दिसंबर
Subject: Social Science
DOI: https://doi.org/10.32381/LP
साइबर स्पेस, किशोर अवस्था में महिला उत्पीड़न, संस्थानिक चुनौतियाँ और उपाय /दिल्ली और चयनित एनसीआर क्षेत्रों का एक अध्ययन
By : संजीव कुमार
Page No: 158-175
Abstract
साइबर स्पेस एक तरफ जीवन को बहुत सरल बना रहा है, दूसरी तरफ साइबर आधारित आपराधिक घटनाओं में तीव्र वृद्धि हुई है। साइबर स्पेस न सिर्फ जानकारी, शिक्षा, पहचान, व्यापार, मनोरंजन उपलब्ध कराने में मदद करता है, बल्कि वर्चुअल सेक्स और हत्याएं जैसी अमानवीय घटनाओं का माध्यम भी बन रहा है। साइबर विशेषज्ञों एवं अन्य शोध के अनुसार कोविड-19 के बाद महिलाओं के विरुद्ध अपराधों में लगातार वृद्धि हुई है। मुख्य रूप से किशोर लड़कियो के खिलाफ होने वाले इंटरनेट आधारित साइबर अपराध जैसे अपमानजनक टिप्पणी करना, अश्लील संदेश भेजना, जानबूझ कर महिलाओं के फोटो को नग्नावस्था में संलग्न करना आदि है।
यह लेख महिलाओं के प्रति होने वाले इस प्रकार के अपराध के कारण, उसकी प्रवृत्ति और पड़ने वाले प्रभाव को जानने एवं समझने के लिए राष्ट्रीय महिला आयोग से सहयोग प्राप्त शोध-कार्य पर आधारित है। इस शोध-कार्य का शीर्षक “महिलाओं के लिए साइबर स्पेस में चुनौतियाँ 2020-21 में दिल्ली और एनसीआर के चुनिंदा क्षेत्रों का एक अध्ययन” था। इस शोध के तहत दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के कुल 13 जिलों का अध्ययन किया गया है। इन जिलों से साक्षात्कार के माध्यम से प्राप्त उत्तरदाताओं के अनुभवों एवं आंकड़ो का गहन विश्लेषण किया गया है। साथ ही साइबर संबंधित अपराधों के रोकथाम के लिए सरकार के द्वारा किए गए कानूनी प्रावधानो और उसकी प्रभावशीलता का भी विश्लेषणात्मक अध्ययन किया गया है।
Author :
डॉ संजीव कुमार : सहायक प्राध्यापक, श्यामा प्रसाद मुखर्जी महाविद्यालय, दिल्ली विश्वविद्यालय, दिल्ली।
DOI: https://doi.org/10.32381/LP.2024.16.03.12